
गुजैनी में धर्मांतरण के दबाव का आरोप, परिवार से मारपीट; पुलिस ने कई आरोपियों को पकड़ा
कानपुर: कानपुर के गुजैनी थाना क्षेत्र की रामगोपाल चौराहा स्थित वरुण विहार कच्ची बस्ती में धर्मांतरण के कथित दबाव और परिवार के साथ मारपीट का मामला सामने आने के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बन गई। पीड़ित सोनू जाटव के परिवार ने आरोप लगाया कि पड़ोस में रहने वाले कुछ लोगों की ओर से उन्हें धर्म बदलने के लिए दबाव दिया जा रहा था। विरोध करने पर घर में घुसकर मारपीट की गई। मामले के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कई आरोपियों को गिरफ्तार/हिरासत में लिया है।
घर में मजार बनवाने और धर्मांतरण के दबाव का आरोप
सोनू जाटव के मुताबिक, वह करीब दो साल पहले परिवार के साथ जालौन से कानपुर आया था। उसका आरोप है कि बच्चों की बीमारी के दौरान पड़ोस में रहने वाले लोगों से उसकी नजदीकी हुई। इसी दौरान उसे कथित तौर पर घर में मजार बनवाने और धर्म बदलने के लिए कहा गया।
परिवार का आरोप है कि घर में मौजूद मंदिर के पास उनकी इच्छा के विरुद्ध मजार बनवा दी गई। बाद में मजार हटाने की बात कहने पर कथित तौर पर उन्हें धमकियां दी गईं। परिवार की ओर से महिला पर बुर्का पहनने और पुरुष सदस्यों पर नमाज पढ़ने का दबाव बनाए जाने के भी आरोप लगाए गए हैं। इन आरोपों की पुलिस जांच कर रही है।
विरोध करने पर घर में घुसकर मारपीट का आरोप
पीड़ित परिवार का आरोप है कि सोमवार रात विवाद बढ़ने के बाद कुछ लोग उनके घर में घुस आए और लाठी-डंडों से मारपीट की। सोनू और उसके बेटे के साथ मारपीट के दौरान बीच-बचाव करने पहुंची पत्नी रीता को भी पीटे जाने का आरोप है।
स्थानीय लोगों के पहुंचने के बाद परिवार ने किसी तरह खुद को बचाया। घटना की शिकायत पुलिस से की गई, जिसके बाद मामला तूल पकड़ गया।
थाने पर हंगामा, पुलिस की भूमिका भी जांच के घेरे में
मामला सामने आने के बाद हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता गुजैनी थाने पहुंचे और कार्रवाई की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को कार्रवाई का आश्वासन दिया और मामले में मुकदमा दर्ज किया।
वहीं, पुलिस पर शुरुआती स्तर पर शिकायत पर पर्याप्त कार्रवाई नहीं करने के आरोप भी लगे। मामले की जांच में लापरवाही के आरोपों के बाद एक पुलिसकर्मी को निलंबित किए जाने और अन्य पुलिसकर्मियों को हटाए जाने की रिपोर्ट सामने आई है। चौकी प्रभारी की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
कई आरोपी पुलिस की गिरफ्त में
पुलिस ने मामले में मुख्य आरोपी बताए जा रहे शिबू समेत कई लोगों के खिलाफ कार्रवाई की है। कुछ रिपोर्टों में पांच लोगों की गिरफ्तारी की जानकारी दी गई है, जबकि अन्य ताजा रिपोर्टों में एक आरोपी की गिरफ्तारी और चार संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ किए जाने का उल्लेख है।
पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की विस्तृत जांच की जा रही है और आरोपों की पुष्टि साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी।
इलाके में तनाव के बाद LIU और पुलिस बल सक्रिय
धर्मांतरण के आरोप और मारपीट की घटना के बाद इलाके में तनाव को देखते हुए पुलिस बल तैनात किया गया है। स्थानीय स्तर पर खुफिया इकाई यानी LIU की सक्रियता भी बढ़ाई गई है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है और इलाके में निगरानी की जा रही है।
2021 में भी सामने आया था विवाद
रिपोर्टों के मुताबिक, इसी इलाके में वर्ष 2021 में भी धर्मांतरण के आरोपों को लेकर विवाद सामने आया था। इस पुराने संदर्भ के कारण पुलिस इस बार मामले को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरत रही है।


