तीन घंटे चला रेस्क्यू ऑपरेशन, तीन बार असफल होने के बाद चौथी कोशिश में बच्ची को सुरक्षित बाहर निकाला
फर्रुखाबाद। उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले के कायमगंज क्षेत्र में गुरुवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब एक 5 वर्षीय बच्ची करीब 50 फीट गहरे कुएं में गिर गई। बच्ची के कुएं में गिरने की सूचना मिलते ही ग्रामीणों के साथ पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। संकरा कुआं और जहरीली गैस की आशंका के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन बेहद चुनौतीपूर्ण रहा।
कुएं की पटिया टूटने से हुआ हादसा
जानकारी के मुताबिक, बच्ची स्कूल से छुट्टी के बाद अपनी बड़ी बहन के साथ घर लौट रही थी। रास्ते में दोनों कुछ देर झूला झूलने के बाद कुएं के पास पहुंचीं। इसी दौरान बच्ची कुएं की पटिया पर कूद गई। पटिया अचानक टूट गई और बच्ची गहरे कुएं में जा गिरी।
बच्ची के कुएं में गिरते ही उसकी बड़ी बहन ने शोर मचाया। आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और बच्ची को बाहर निकालने की कोशिश शुरू की।
जहरीली गैस के डर से मुश्किल हुआ रेस्क्यू
कुआं काफी गहरा और संकरा था। ऊपर से देखने पर बच्ची दिखाई दे रही थी, लेकिन अंदर जहरीली गैस होने की आशंका के कारण ग्रामीणों के लिए नीचे उतरना जोखिम भरा था। कुछ लोगों ने रस्सी के सहारे नीचे जाने की कोशिश की, लेकिन दम घुटने के कारण उन्हें वापस लौटना पड़ा।
सूचना मिलते ही एसडीएम अभिषेक वर्मा, तहसीलदार हर्षित सिंह, सीओ राजेश कुमार द्विवेदी और इंस्पेक्टर क्राइम बी. यादव पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। फायर ब्रिगेड और स्वास्थ्य विभाग की टीम को भी बुलाया गया।
तीन बार कोशिश नाकाम, चौथी बार ऑक्सीजन सिलेंडर के साथ उतरे सिपाही
बच्ची को बचाने के लिए पुलिसकर्मी मनोज कुमार ने कुएं में उतरने का साहस दिखाया। उन्होंने शुरुआती तीन प्रयास किए, लेकिन अंदर दम घुटने की स्थिति के कारण उन्हें वापस आना पड़ा।
इसके बाद सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मनोज कुमार ऑक्सीजन सिलेंडर के साथ चौथी बार कुएं में उतरे। काफी मशक्कत के बाद वह बच्ची तक पहुंचे और उसे सुरक्षित बाहर निकालने में सफल रहे।
करीब तीन घंटे चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद बच्ची को सकुशल बाहर निकाला गया।
कुएं से बच्ची ने मांगा पानी
रेस्क्यू के दौरान ऊपर से जब बच्ची को आवाज दी गई तो उसने पानी मांगा। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने रस्सी के सहारे कमंडल से पानी नीचे भेजा। बच्ची ने पानी पिया, जिससे उसके सुरक्षित होने की उम्मीद और मजबूत हुई।
बच्ची के बाहर निकलते ही मौके पर मौजूद परिजनों और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली।
डॉक्टरों ने जांच के बाद अस्पताल भेजा
बच्ची को तत्काल एंबुलेंस से सीएचसी ले जाया गया। चिकित्सकों ने उसकी जांच की और ऑक्सीजन दी। प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज और निगरानी के लिए उसे लोहिया अस्पताल रेफर किया गया।
प्रशासन के अनुसार बच्ची कुएं से बाहर निकलने के बाद होश में थी और बातचीत भी कर रही थी।
सिपाही मनोज कुमार के साहस की हुई सराहना
इस रेस्क्यू ऑपरेशन में सिपाही मनोज कुमार की भूमिका अहम रही। जहरीली गैस की आशंका और करीब 50 फीट गहरे संकरे कुएं में उतरना बेहद जोखिम भरा था। तीन प्रयासों में सफलता नहीं मिलने के बाद उन्होंने ऑक्सीजन सिलेंडर के साथ चौथी कोशिश की और बच्ची को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
एसडीएम अभिषेक वर्मा ने बताया कि करीब तीन घंटे चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद बच्ची को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। बेहतर इलाज के लिए उसे लोहिया अस्पताल भेजा गया है। बच्ची के होश में होने और बातचीत करने की जानकारी भी दी गई।
फिलहाल बच्ची का इलाज और चिकित्सकीय निगरानी जारी है। हादसे के बाद प्रशासन ने मौके की स्थिति का जायजा लिया।


